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Sleep Apnea का Test और Treatment!

क्या आप जानते हैं कि बहुत से Indian celebrities भी Sleep Apnea से जूझ रहे हैं? Bappi Lahiri और Badshah जैसे बड़े celebrities भी इस स्थिति का सामना कर चुके हैं। Bappi Lahiri, जो कि एक प्रसिद्ध गायक और संगीतकार रह चुके हैं, उन्होंने तो Sleep Apnea की परेशानियों के कारण 2022 में अपना जीवन ही खो दिया था। यह सिर्फ celebrities के बारे में नहीं है - Sleep Apnea किसी को भी प्रभावित कर सकता है।Sleep Apnea क्या है?Sleep Apnea एक ऐसी स्थिति है जिसमें सोते समय आपकी सांस बार-बार रुक जाती है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि आपका airway block हो जाता है। जब airway block हो जाता है, तो शरीर में oxygen का स्तर गिर जाता है जिससे व्यक्ति की नींद टूट जाती है और कुछ seconds के बाद वह फिर से सामान्य रूप से सांस लेना शुरू कर देता है। ये episodes अक्सर बहुत संक्षिप्त होते हैं, कभी-कभी केवल कुछ seconds के लिए होते हैं लेकिन यह sleep cycle को बाधित करते हैं।Sleep Apnea का पता कैसे लगाएं?Sleep Apnea का पता लगाने के लिए, डॉक्टर आमतौर पर Polysomnography (PSG) नामक एक sleep study की सलाह देते हैं। यह परीक्षण निम्न चीज़ों की निगरानी करता है:Brain की तरंगेंरक्त में ऑक्सीजन का स्तरहृदय गति और सांसआँखों और पैरों की गतिविधियाँ।हालांकि, केवल यह नींद परीक्षण ही blockage की सही जगह बताने के लिए काफी नहीं है, इसलिए blockage कहाँ पर है, यह जानने के लिए ऊपरी airway का और भी मूल्यांकन करना जरूरी है। इनमें शामिल हैं:Nasopharyngoscopy: : इस प्रक्रिया में नाक और गले के माध्यम से एक lexible fiberoptic endoscope डाला जाता है ताकि airway को पतला (narrow) करने वाली और वायु प्रवाह को कम करने वाली चीज़ों का पता लगाया जा सके।Sleep endoscopy : यह Nasopharyngoscopy के जैसा ही है लेकिन इस परीक्षण को हल्के बेहोशी में किया जाता है। इस परीक्षण का उद्देश्य रोगी के ऊपरी airway में नींद की स्थिति में क्या होता है, उसे reproduce करना और blockage का कारण बनने वाली जगह और structures की पहचान करना है।Sleep Apnea का इलाजSleep Apnea के इलाज के लिए कुछ non - surgical और surgical दोनों उपचार विकल्प हैं। जैसे कि:Continuous Positive Airway Pressure (CPAP): यह मशीन आपके नाक और मुंह में हवा छोड़ती है ताकि आपके airway को खुला रखा जा सके। इस विधि में वजन कम करना, शराब से बचना और एक तरफ करवट लेकर सोना भी शामिल किया जा सकता है जिससे मदद मिल सकती है।Surgery: कुछ मामलों में, airway में सुधार के लिए surgery की आवश्यकता भी पद सकती है।यदि आपको लगता है कि आपको Sleep Apnea हो सकता है, तो लक्षणों को अनदेखा न करें। दुनिया भर में 936 मिलियन लोग हल्के से गंभीरSleep Apneaके लक्षणों से पीड़ित हैं, जबकि बहुत लोगों का तो diagnosis ही नहीं हो पाता है। अपने डॉक्टर से बात करें और बेहतर नींद और स्वस्थ जीवन की ओर पहला कदम उठाएं।Source:-1. https://www.nhlbi.nih.gov/health/sleep-apnea/living-with

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स्लीप एपनिया से जुड़े health problems और treatment के कुछ विकल्प I

Sleep Apnea एक ऐसी स्थिति है जिसमें सोते समय सांस बार-बार रुक जाती है। इससे overall health पर प्रभाव पड़ सकता है।हालांकि, कुछ लोग इसे मामूली लक्षण समझ कर अनदेखा कर देते हैं, लेकिन यदि इसे अनजाने में छोड़ दिया जाए या इसका इलाज न किया जाए, तो लंबे समय में यह शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य दोनों के लिए हानिकारक हो सकता है।Sleep Apnea में सबसे पहले व्यक्ति को दिन के समय बहुत नींद आती है और वह हमेशा थका हुआ सा महसूस करफ़्ता है। यह concentration, decision making power, और अपने behaviour पर नियंत्रण रखने को मुश्किल कर देता है।बच्चों में, Sleep Apnea रात की नींद के pattern को बाधित कर सकता है, जिससे उनके लिए concentrate करना, सही से पढ़ना और चीजों को याद रखना मुश्किल हो जाता है, जिससे उनके academic scores पर भी असर पड़ता है।Adults को गंभीर रूप से नींद से वंचित रहने की वजह से dementia भी हो सकता है।केवल मानसिक स्वास्थ्य ही नहीं, Sleep Apnea शारीरिक स्वास्थ्य को भी गंभीर रूप से प्रभावित करता है। सांस लेने में बार-बार रुकावट का चक्र शरीर में oxygen का स्तर कम कर सकता है, जिससे किसी व्यक्ति के organs और blood vessels को और नुकसान हो सकता है।सही से इसका उपचार न होने पर, भविष्य में विभिन्न प्रकार की health conditions का खतरा बढ़ सकता है, जिनमें शामिल हैं:हृदय रोग: Sleep Apnea दिल के दौरे, stroke, high blood pressure और अन्य हृदय सम्बंधित समस्याओं के जोखिम से जुड़ा हुआ है।सांस की समस्याएं: जैसे कि Asthma और chronic obstructive pulmonary disease (COPDMetabolic disorders: Sleep Apnea मोटापा, Type 2 diabetes और metabolic syndrome के जोखिम से जुड़ा हुआ है।किडनी रोग: अनियंत्रित Sleep Apnea से क्रोनिक किडनी रोग हो सकता है।कैंसर: जैसे कि pancreatic, renal, and skin कैंसर।यदि आप या आपका कोई परिचित Sleep Apnea के लक्षणों का अनुभव कर रहा है, तो जल्द से जल्द medical help लेना बहुत महत्वपूर्ण है। शुरुआत में ही इसका निदान और उपचार हो जाए तो इस स्थिति से जुड़े गंभीर health problems से बचने में मदद मिल सकती है।Source:- 1. https://stanfordhealthcare.org/medical-conditions/sleep/obstructive-sleep- apnea/treatments.html 2. https://pubmed.ncbi.nlm.nih.gov/31300334/

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Caffeine: आपके स्वास्थ्य के लिए अच्छा या बुरा? जानिए Caffeine के consumption कम करने का सही तरीका!

आज हम बात करेंगे उस चीज़ की जो हम में से कई लोग रोज़ लेते हैं—caffeine. ये हमारी chai, coffee, soda, और energy drinks में होता है। लेकिन क्या आपको पता है कि caffeine एक natural substance है जो आपके दिमाग पर असर करता है?तो, क्या caffeine अच्छा है या बुरा?थोड़ा सा caffeine आपके लिए अच्छा हो सकता है! यह कुछ cancers के खतरे को काम करता है, आपके दिमाग को स्वस्थ रखता है, और आपके liver को भी फायदा पहुंचा सकता है। लेकिन याद रखें, “किसी भी चीज़ की ज़्यादा मात्रा बुरी होती है।” Caffeine की सुरक्षित मात्रा जानने के लिए हमारा वीडियो देखें 'How much caffeine is too much?' लिंक description में है!बहुत ज्यादा caffeine से health problems हो सकते हैं—कुछ problems mild होते हैं, लेकिन कुछ गंभीर भी हो सकते हैं।Mild side effects:बेचैनी महसूस होना, नींद न आना, बार-बार पेशाब आना, चिड़चिड़ापन, मांसपेशियों में झटके, तेज़ या अनियमित दिल की धड़कन, और पेट खराब होना।गंभीर side effects:Confusion, ऐसी चीज़ें देखना या सुनना जो वहां नहीं हैं (hallucinations), seizures, दिल की समस्याएं, और मांसपेशियों को नुकसान।अगर आप अचानक caffeine छोड़ना चाहते हैं, तो आपको withdrawal symptoms हो सकते हैं जैसे सिरदर्द, थकान महसूस होना, और ध्यान केंद्रित करने में दिक्कत। ये symptoms आमतौर पर 1-2 दिन बाद अपने चरम पर होते हैं और एक हफ्ते तक चल सकते हैं।इन समस्याओं से बचने के लिए, धीरे-धीरे caffeine कम करना बेहतर है, बजाय एकदम से छोड़ने के।Source:- 1. https://www.medicalnewstoday.com/articles/271707#the-effects-of-caffeine-can-vary 2. https://www.ncbi.nlm.nih.gov/books/NBK519490/

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कितनी coffee पीना सही है? जानिये कौनसी coffee में कितना caffeine होता है?

हम में से कई लोग coffee के बिना दिन की शुरुआत करने की सोच ही नहीं पाते। शायद इसका कारण है caffeine—एक हल्का stimulant जो energy और alertness बढ़ाता है। अगर आप भी coffee या tea lover हैं, तो यह वीडियो आपके लिए है!ये Caffeine नाम का stimulant coffee, tea, energy drinks, और कुछ medications में पाया जाता है। यह थकान दूर करने में मदद करता है, लेकिन इसको ज़्यादा मात्रा में लेना हानिकारक हो सकता है। FDA का कहना है कि healthy adults के लिए लगभग 400 mg प्रतिदिन—यानि 4-5 कप coffee सुरक्षित है। U.S. Health Minister के अनुसार, अपने caffeine intake को लेकर सावधान रहना बहुत महत्वपूर्ण है, क्योंकि अधिक सेवन से anxiety, insomnia, और यहां तक कि heart issues भी हो सकते हैं।Caffeine के कुछ health benefits भी हैं, जैसे कि यह कुछ प्रकार के सिरदर्द का इलाज, preterm infants के इलाज़ में मदद, और athletic performance को बढ़ाता है।आपके पसंदीदा coffee में कितनी caffeine है?Brewed Coffee (250 ml): 80-100 mg caffeine.Cold Brew (350 ml): 153-238 mg.Instant Coffee (250 ml): लगभग 62 mg.Espresso (30 ml): लगभग 63 mg.Decaf (250 ml): लगभग 2 mg।हालांकि caffeine energy बढ़ा देता है, लेकिन ज़्यादा मात्रा में इसका सेवन स्वास्थ्य के लिए अच्छा नहीं है। इसलिए सोच-समझकर चुनें और moderation में आनंद लें।Source:- 1. https://www.ncbi.nlm.nih.gov/books/NBK519490/#:~:text=Caffeine is a naturally occurring,recognized as the most utilized 2. https://www.medicalnewstoday.com/articles/324986#caffeine-by-brand

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रोज ghee coffee पीने के 5 top health benefits!आपको ghee coffee क्यों पीनी चाहिए?

Ghee coffee या bulletproof coffee आजकल trend में है जिसे Shilpa Shetty, Kriti Sanon और भी कई सारे celebrities ghee coffee के fan हो गए हैं, और रोजाना सुबह breakfast के time इसको पीते हैं।Ghee coffee को bulletproof coffee के नाम से भी जाना जाता है।Ghee coffee या bulletproof coffee होती क्या है?Ghee coffee, simply brewed coffee होती है जिसमें 1-2 चम्मच ghee mix करके उसको अच्छे से blend कर लेते हैं। और कुछ लोग इसमें taste add करने के लिए दालचीनी powder का भी use करते हैं।Ghee Coffee इतनी famous क्यों है?असल में ghee coffee का use पुराने ज़माने से India और Tibet जैसे countries में होता आ रहा है, क्योंकि Ayurveda में ghee के अंगिनत फायदे बताए गए हैं। आजकल इसे celebrities ने ज़्यादा popular बना दिया है, और इसके पीछे ghee coffee का flavour और health benefits हैं।Ghee Coffee पीने के 5 अद्भुत health benefits!जानिए Ghee Coffee पीने के 5 अद्भुत स्वास्थ्य लाभ: ऊर्जा बढ़ाने, वजन घटाने में सहायक, पाचन सुधारने, मेटाबॉलिज्म बूस्ट करने और मानसिक फोकस बढ़ाने के लिए आज ही अपनाएं ये सुपरफूड ड्रिंक!Energy level बढ़ता है: Ghee में healthy fats होते हैं जो body में धीरे-धीरे energy release करते हैं, जिससे आपकी भूख कम होती है और आपको लंबे time तक energy मिलती है। यह आपको weight loss में भी मदद करता है।Digestion अच्छा होता है: Ghee में butyric acid होता है जो आपके healthy gut bacteria को grow करने में मदद करता है, साथ ही digestive tract को nourish करता है, और bloating की problem भी नहीं होती।Focus बढ़ता है: Coffee में रहा caffeine और ghee के healthy fats के कारण mental health improve होती है, focus बढ़ता है और energy भी काफ़ी लंबे time तक बनी रहती है।Immunity boost होती है: Ghee में Vitamin A और E होता है, जिससे immunity boost होती है और infection होने के chances कम होते हैं।Glowing और healthy skin होती है: Ghee में antioxidants होते हैं जिससे skin को nourishment और hydration मिलता है, जिसके कारण skin glowing और healthy होती है।Ghee coffee healthy होने के साथ-साथ tasty भी है, लेकिन ध्यान रहे कि ghee coffee सुबह में पिएं या फिर आपके सोने के time से कम से कम 8-9 घंटे का difference हो।

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नींद की कमी के कारण और health पर असर !

नींद की कमी को अक्सर अनदेखा किया जाता है जो कि अपने आप में ही एक health problem है। एक time पर नींद को inactive माना जाता था जिसमें body और brain दोनों ही दिन भर की activities के बाद rest mode में चले जाते हैं। लेकिन scientists ने पाया है कि brain नींद के दौरान अलग अलग activities से pattern से गुजरता है और कभी-कभी तो brain सोते समय और ज्यादा active हो जाता है।Adults अगर हर रात 7 से 8 घंटे से कम सोते हैं तो उसे नींद की कमी (sleep deprivation) माना जाता है। दिन के समय में नींद आना, हर समय उदास सा रहना और कुछ याद सा ना रहना। यह कुछ नींद की कमी के लक्षण हैं।नींद की आवश्यकता हमें proper body functions और good health होती है।नींद की कमी के 2 कारण:Lifestyle/ occupational problems: जैसे shift jobs, काम पर लम्बा समय, सोने का अनियमित समय, jet lag आदिSleep disorders: जैसे नींद ना आना, सोते समय सांस लेने में दिक्कत होना आदिनींद की कमी से हमारे स्वास्थ्य पर क्या असर पड़ता है?Data साबित करता है कि नींद की कमी से हो सकता है:मोटापा: जब कोई व्यक्ति 7 घंटे से कम सोता है, तो वह मोटापे की ओर जाने लगता है। वास्तव में, नींद जितनी कम होगी, मोटापा उतना ही ज्यादा होगा।मधुमेह: जो लोग 5 घंटे या उससे कम सोते हैं, उन्हें मधुमेह का अधिक खतरा होता है।Heart disease और High blood pressure नींद की कमी दिल के दौरे और स्ट्रोक से जुड़े हैं। जिसके लिए high blood pressure, sympathetic hyperactivity, और glucose intolerance जिम्मेदार हो सकते हैं।Stress, Anxiety और शराब का सेवन: Mood और behaviour सही न होने से भी नींद में कमी आती है। जिन लोगों को नींद बहुत ही कम आती है वह mental problems, depression, stress और शराब के सेवन जैसी परेशानियों से ज्यादा जूझते हैं।यहां हमने देखा है कि अच्छी नींद कितनी महत्वपूर्ण है। इसलिए, लंबे समय तक सोना या बीच में एक छोटी सी झपकी लेना जरूर याद रखें (2 घंटे से अधिक नहीं)।मुझे उम्मीद है कि यह वीडियो आपके लिए मददगार रहा होगा। ऐसे और भी वीडियो देखने के लिए Medwiki चैनल पर हमारे वीडियो देखते रहें।Source:-1.https://drive.google.com/file/d/1TNTAB0aqdrvbc_ZVnQWUvsEPPyuNu7t5/view?usp=sharing

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कैसे रखें दिवाली को हेल्दी और सेहतमंद? जानिए टिप्स!

Happy Diwali to all of you.हम सभी पूरे साल Diwali का wait करते हैं ताकि हम सब मिलकर अपने घर सजाएं और धून - धान से अपनों के साथ Diwali मनाएं। पर आज हम बात करेंगे कुछ common mistakes की जो हम सभी करते हैं Diwali के time में। और ये सब डाल सकती हैं हमारी health पर बुरा असर।But, you need not worry when Medwiki is here. We will help you enjoy Diwali without any concerns.Please watch अगर आप भी कर रहे हैं इनमें से कुछ common mistakes; और जानें क्या कर सकते हैं हमें help.क्या आप भी naked eyes se firecrackers burn करते हो ?Firecrackers 2,000 degree celsius तक के तापमान पर जाते हैं, जो हमारी eyes को बहुत नुक्सान पहुंचना सकता है। इसलिए अपने safety glasses पहनना ना भूलेंक्या आप Diwali के time, party करना बहुत पसंद करते हैं ?Diwali के समय में firecrackers और loud music से होने वाला शोर 125 decibels से भी अधिक हो जाता है। जबकि 85 decibels को safe hearing limit माना जाता है इसलिए party तो जरूर करिये पर ऐसी किसी भी जगह जहाँ loud music या firecrackers का शोर हो, वहां अपने earplugs पहनना न भूलें।Diwali में घर पर सब मीठा और टाला भुना खाना बनता है?तो इस Diwali focus रखिये उन foods पर जो हैं आपकी gut health के लिए अच्छे। Choose your best, मिठाई की जगह dry fruits उठायें और घर पर भी non fried foods बनायें। ध्यान रखिये ये foods ज्यादा अच्छे से digest होते हैं और health को बूिल्कुल negatively impact नहीं करतेParties में drinks या cold drinks पीना पसंद करते हैं ?क्यों ना इस बार हम coconut water, fresh fruit juices and herbal teas जैसे healthy options choose करें क्युकी soda से काफी acidity होती है।और air pollution तो हम सभी जानते हैं इस समय किस level पे होता है, इसलिए घर से बाहर निकलते समय face mask जरूर लगाएं। अपने lungs को pollution के harm से बचाएं।Keep in mind, A healthy Diwali is a happy Diwali. Medwiki once again wishes you all a very Happy Diwali.

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Adults और बच्चों में Viral बुखार के लक्षण?

हमारी body का normal temperature 98.6 degree Fahrenheit होता है। Viral fever में body का temperature normal से अधिक होता है जो कि virus के कारण हो सकता है। हर बार जब कोई virus आता है, तो यह जरूरी नहीं है कि हम बुखार का अनुभव करें, लेकिन बुखार का अनुभव होना इस बात का संकेत हो सकता है कि शरीर infection से लड़ने की कोशिश कर रहा है। Actually बुखार में शरीर का temperature बढ़ जाता है जिससे infections ख़तम होने लगते हैं और वह multiply नहीं हो पाते।बच्चों में बुखार का पता इन temperatures से लगाया जा सकता है:Rectal, Ear और forehead पर: 100.4 degree fahrenheit से अधिक।Oral: 100 degree fahrenheit से अधिक।Armpit पर: 99 degree fahrenheit से अधिक।Viral fever के लक्षण:बुखार होने पर, व्यक्ति को इन लक्षणों का अनुभव हो सकता है:कंपकंपी या ठंड लगनापसीना आनाभूख कम लगनाDehydrationदर्द के प्रति sensitivityEnergy में कमीconcentration में कठिनाईछोटे बच्चों को जब बुखार होता है:वह छूने में गरम लगते हैंउनके गाल फीके से पड़ जाते हैंउन्हें बहुत पसीना आता हैतेज़ बुखार के मामले में व्यक्ति चिड़चिड़ा और उलझा हुआ सा हो जाता है और उसे दौरे पड़ सकते हैं।Source:-https://www.medicalnewstoday.com/articles/168266?formCode=MG0AV3#_noHeaderPrefixedContent

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Drx. Salony Priya

MBA (Pharmaceutical Management)